Jaipur : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 साल पूरे होने के मौके पर भारतीय जनता पार्टी ने बड़े स्तर पर ‘सेवा संकल्प अभियान’ शुरू करने की तैयारी की है। पार्टी के मुताबिक, अभियान की शुरुआत 17 सितंबर को प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन के साथ होगी और इसके तहत करीब एक महीने तक सेवा, जनसंपर्क और जनकल्याण से जुड़े अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। बीजेपी इस अभियान के जरिए मोदी के 25 साल के सार्वजनिक जीवन को सेवा और जनभागीदारी से जोड़ते हुए देशभर में कार्यक्रमों की श्रृंखला चलाने की तैयारी में है।
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के मुताबिक, ‘सेवा संकल्प अभियान’ 17 सितंबर से शुरू होगा। पार्टी कार्यकर्ताओं को अलग-अलग सेवा गतिविधियों से जोड़ने की योजना बनाई गई है। अभियान का उद्देश्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों को सेवा, जनकल्याण और समाज के विभिन्न वर्गों के साथ जुड़ाव के संदर्भ में सामने रखना है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर संवैधानिक पद संभाला था। इसके बाद 2014 में उन्होंने देश के प्रधानमंत्री के रूप में कार्यभार संभाला। बीजेपी के मुताबिक, 7 अक्टूबर 2026 को उनके सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे होंगे। इसी अवधि को केंद्र में रखते हुए पार्टी ने सेवा गतिविधियों के जरिए व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाने की योजना बनाई है।
अभियान के दौरान रक्तदान शिविर, स्वच्छता अभियान, स्वास्थ्य जांच और समाजसेवा से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। पार्टी की कोशिश अलग-अलग सामाजिक वर्गों और क्षेत्रों में जनभागीदारी बढ़ाने की भी होगी। बीजेपी का कहना है कि अभियान को केवल पार्टी के आंतरिक कार्यक्रम के रूप में सीमित रखने के बजाय सेवा गतिविधियों के माध्यम से आम लोगों को भी इससे जोड़ने की योजना है।
अभियान में डिजिटल और सोशल मीडिया आउटरीच को भी खास महत्व दिया जाएगा। ‘सेवा की कहानी’ जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से मोदी सरकार की योजनाओं और उनसे जुड़े लोगों के अनुभवों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सामने लाने की तैयारी है। पार्टी की ओर से सरकार की योजनाओं और उनके असर से जुड़े अनुभवों को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
इसके अलावा स्कूलों में चित्रकला और नाटक जैसी गतिविधियों के आयोजन की भी योजना है। नवाचार और रचनात्मक गतिविधियों से जुड़े कार्यक्रमों के साथ अलग-अलग क्षेत्रों में जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा। इस तरह पार्टी सेवा कार्यक्रमों के साथ युवाओं, विद्यार्थियों और स्थानीय समुदायों की भागीदारी बढ़ाने की कोशिश करेगी।
बीजेपी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक और व्यक्तिगत सफर से जुड़े दो महत्वपूर्ण शहरों—वडनगर और वाराणसी—को भी अभियान से जोड़ने की योजना बनाई है। वडनगर प्रधानमंत्री मोदी का जन्मस्थान है, जबकि वाराणसी उनका लोकसभा क्षेत्र है। रिपोर्ट के अनुसार, दोनों स्थानों को सांकेतिक रूप से जोड़ने के लिए धार्मिक जल के आदान-प्रदान जैसे कार्यक्रम की योजना भी बनाई गई है।
इसके साथ ही ‘विकसित भारत संकल्प यात्रा’ के जरिए देश के ऐसे स्थानों और क्षेत्रों को सामने लाने की तैयारी है, जिन्हें बीजेपी प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हुए बदलावों और विकास कार्यों का उदाहरण मानती है। पार्टी इस माध्यम से स्थानीय स्तर पर हुए बदलावों और केंद्र सरकार की योजनाओं से जुड़े अनुभवों को लोगों के बीच पहुंचाने की कोशिश करेगी।
राजस्थान में भी इस अभियान को लेकर पार्टी स्तर पर तैयारियां शुरू होने की जानकारी है। राज्य में अलग-अलग स्थानों पर सेवा और जनसंपर्क से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाने की संभावना है। इसी बीच राजस्थान सरकार ने भी 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक ‘विकसित भारत-जन सेवा अभियान’ चलाने की घोषणा की है। दोनों अभियानों का समय काफी हद तक एक-दूसरे से जुड़ता है और सेवा, जनभागीदारी तथा सरकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार से जुड़े कार्यक्रमों पर जोर रहने की संभावना है।
बीजेपी के राष्ट्रीय अभियान को लेकर राज्यों को स्थानीय परिस्थितियों के हिसाब से कार्यक्रम तय करने और अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच बनाने की जिम्मेदारी दी गई है। ऐसे में राजस्थान समेत दूसरे राज्यों में भी पार्टी संगठन की ओर से स्थानीय स्तर पर अलग-अलग गतिविधियों का आयोजन किया जा सकता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे होने का यह अभियान बीजेपी के लिए केवल सेवा गतिविधियों तक सीमित नहीं माना जा रहा। इसके जरिए पार्टी मोदी के राजनीतिक सफर, केंद्र सरकार की प्रमुख योजनाओं और अपने शासन मॉडल को भी जनता के बीच प्रमुखता से रखने की कोशिश करेगी। हालांकि, पार्टी की ओर से अभियान का आधिकारिक फोकस सेवा, जनभागीदारी और सामाजिक गतिविधियों पर बताया गया है।
राजनीतिक तौर पर देखें तो प्रधानमंत्री मोदी के सार्वजनिक जीवन की 25वीं वर्षगांठ बीजेपी के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। पार्टी इस दौरान मोदी के गुजरात के मुख्यमंत्री से लेकर प्रधानमंत्री तक के सफर को जनता के सामने रखने के साथ उनके नेतृत्व में लागू योजनाओं और नीतियों को भी अभियान का हिस्सा बना सकती है। हालांकि, इस अभियान का राजनीतिक असर कितना व्यापक होगा, इसका आकलन आने वाले महीनों में होने वाली गतिविधियों और पार्टी के जनसंपर्क कार्यक्रमों के आधार पर ही किया जा सकेगा।
फिलहाल 17 सितंबर से शुरू होने वाले इस अभियान की तैयारियों पर पार्टी संगठन का फोकस है। प्रधानमंत्री के जन्मदिन से शुरू होने वाली सेवा गतिविधियों के बाद 7 अक्टूबर को उनके सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे होने के मौके पर अभियान को और व्यापक रूप देने की संभावना है। ऐसे में आने वाले दिनों में बीजेपी की ओर से कार्यक्रमों की विस्तृत रूपरेखा और राज्यों के स्तर पर होने वाली गतिविधियों की तस्वीर और साफ हो सकती है।