संवाददाता – गोवर्धन सिंह
उन्हेल। इंदौर में रविवार को आयोजित राज्य स्तरीय किक बॉक्सिंग मूए थाई प्रतियोगिता में मध्य प्रदेश के उन्हेल क्षेत्र की होनहार बेटी सौम्या जैन ने शानदार प्रदर्शन कर सिल्वर मेडल अपने नाम किया। मात्र 16 वर्षीय सौम्या ने फाइनल मुकाबले में कड़े संघर्ष के बाद रजत पदक जीतकर न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र का मान बढ़ाया। इस उपलब्धि के साथ ही उनका चयन आगामी नेशनल स्तर की किक बॉक्सिंग चैंपियनशिप के लिए भी हो गया है, जो युवा प्रतिभाओं के बीच उनकी काबिलियत का प्रमाण है।
सौम्या जैन दिनेश जैन और उनकी पत्नी की इकलौती संतान हैं। बचपन से ही खेलों में रुचि रखने वाली सौम्या ने किक बॉक्सिंग में कोचिंग लेना शुरू किया था। परिवारजनों के अनुसार, वे रोजाना 4-5 घंटे अभ्यास करती हैं और कभी थकावट नहीं मानतीं। प्रतियोगिता में उन्होंने प्री-क्वार्टर, क्वार्टर फाइनल और सेमीफाइनल में प्रतिद्वंद्वियों को हराकर फाइनल तक जगह बनाई। फाइनल में भी उन्होंने तेज पंच, हाई किक्स और सटीक डिफेंस से दर्शकों को प्रभावित किया, हालांकि अंतिम राउंड में मामूली अंतर से सिल्वर पर संतुष्ट होना पड़ा।
घर लौटते ही सौम्या का स्वागत परिवार, ग्रामीणों, मित्रों और समाजजनों ने ढोल-नगाड़ों के साथ किया। पिता दिनेश जैन ने कहा, “बेटी की मेहनत रंग लाई। हम गर्व महसूस कर रहे हैं।” मां ने भावुक होकर बताया कि सौम्या घर के सारे काम निपटाकर अभ्यास करती है। स्थानीय कोच ने भी उनकी लगन की तारीफ की और नेशनल में स्वर्ण की उम्मीद जताई।
ग्रामीणों का मानना है कि सौम्या की सफलता क्षेत्र की अन्य लड़कियों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगी। वे खेलों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और बेहतर सुविधाओं की मांग कर रहे हैं। सौम्या ने कहा, “मैं नेशनल में स्वर्ण जीतकर देश का नाम रोशन करूंगी।” यह उपलब्धि ग्रामीण भारत की बेटियों की क्षमता को दर्शाती है।

